नासिरा शर्मा के साहित्य में गंगा-जमुनी तहज़ीब और सामाजिक सहअस्तित्व
गीतेश्वरी ताम्रकार1, डॉ. सुमन बलियान2
1शोधार्थी, भारती विश्वविद्यालय, दुर्ग (छ.ग.)
2शोध निर्देशक, प्राध्यापिका (हिंदी विभाग), भारती विश्वविद्यालय, दुर्ग (छ.ग.)
नासिरा शर्मा के साहित्य में गंगा-जमुनी तहज़ीब और सामाजिक सहअस्तित्व
गीतेश्वरी ताम्रकार1, डॉ. सुमन बलियान2
1शोधार्थी, भारती विश्वविद्यालय, दुर्ग (छ.ग.)
2शोध निर्देशक, प्राध्यापिका (हिंदी विभाग), भारती विश्वविद्यालय, दुर्ग (छ.ग.)